चुंदड़ी गणगौर पर निकली भव्य शोभायात्रा

नाथद्वारा के गणगौर घाट पर लगा मेला

नाथद्वारा @RajsamandTimes। प्रभु श्रीनाथजी की नगरी नाथद्वारा में गुरुवार को गणगौर पर्व की विशेष धूम रही । महिलाओं में गणगौर के प्रति उत्साह पूरे शहर में देखने को मिला। महिलाओं ने कहीं टोली बना कर गणगौर की पूजा की तो कहीं घर की सास बहू और बेटियों ने इस उत्सव को मिल कर मनाया। घर–घर में साज श्रृंगार, मेंहदी, घेवर और पूजा अर्चना के साथ महिलाओं ने गीत -संगीत करते हुए है ईसर गणगौर की पूजा की। सर पर कलश रख हांथो में पूजा की थाल लिए महिलाएं अपनी अपनी मण्डली और ग्रुप में पूजा अर्चना करती दिखाई दी।

नगर में गणगौर सवारी को देखने लोग गणगौर घाट पहुंचे वही  घर घर में मां गौरी की पूजा की गयी, हर उम्र की महिला इस उत्सव में एक रंग में ढलती और घुलती नजर आई, वो रंग खुशियों और आस्था में भरपूर रहा, महिलाओं ने लाल रंग की चुंदड़ी के साथ पहनावे का श्रृंगार किया।


नगर में चूंदड़ी गणगौर की परम्परागत सवारी शाही लवाजमे के साथ ठाठ-बाठ से निकाली गई। गणगौर की सवारी देखने के लिए नगरवासियों की भीड़ उमड़ पड़ी।
नगर के श्रीनाथ मंदिर से सायंकाल भोग आरती की झांकी के दर्शनों के समय नक्कारखाना से ईशर-गणगौर व सुखपाल में ठाकुरजी की पिछवाई के साथ श्रीनाथ बैंड के जवान सिर पर चुंदड़ी रंग के साफे पहन पारंपरिक धुन बजाते हुए चल रहे थे, जिनके पीछे गोविंद पलटन के जवान कदमताल के साथ चल रहे थे वहीं, इनके पीछे नगर के लोग चल रहे थे । रसाला चैक से लाल-पीली आभा के बीच श्रृंगारित गणगौर सुखपाल में बिराजित सवारी गणगौर घाट के लिए रवाना हुई। साथ ही तुरही, बांकिया व नगाड़े सहित कई बैंडबाजों पर लोकगीतों व भक्ति संगीत की स्वर लहरियों ने वातावरण को उत्सवी बना दिया। श्रीनाथजी बैंड की धुन पर गणगौर की सवारी में शामिल लाल वस्त्र धारण किए महिलाएं विभिन्न झांकियों के साथ कदम ताल मिलाते हुए गणगौर घाट पर पहुंची। यहाँ पर स्थानीय निवासियों ने डोलर चकरी में बैठकर छुटकर दुकानदारों से खरीदारी कर मेले का आनंद उठाया।