बहुचर्चित पत्रकार भूखंड आवंटन मामले में न्यायालय ने नगरपालिका को यथास्थिति के दिये आदेश




नाथद्वारा। नगरपालिका नाथद्वारा द्वारा 2013 में राज्य सरकार की पत्रकार भूखंड आवंटन योजना में हुये भ्रष्टाचार की शिकायत पर करीब 3 वर्षो तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने पर नगर के योग्य वंचित पत्रकारों ने न्यायालय की शरण ले अंतरिम अस्थायी निषेधाज्ञा पाने में सफलता हासिल की है।

वादी गण पत्रकारों द्वारा प्रस्तुत वाद में पालिका के कारनामे उन्हीं की पत्रावली की प्रमाणित प्रतियो के रूप में देने से पालिका किसी भी बिंदु पर न्यायालय के समक्ष जवाब नहीं दे पाई। माननीय न्यायधीश सिद्धार्थ शंकर शर्मा ने मामले की सुनवाई करते हुए गंभीरता से पत्रावलियों का अवलोकन किया व विपक्षी नाथद्वारा नगरपालिका को अग्रिम आदेश तक 6 सितम्बर 2013 के अनुसार भूखंड आवंटन की कार्यवाही नहीं कर यथास्थिति बनाये रखने हेतु पाबंद करने के आदेश जारी किये है।

वादी गण की पैरवी युवा अधिवक्ता अर्पित पालीवाल,दीपक पालीवाल,निमिष शुक्ला, अभिषेक सोनी ने की, नगरपालिका की ओर से मनीष सनाढ्य ने पैरवी की।

ज्ञात रहे कि पूर्व कांगेस शासित नगरपालिका द्वारा ठीक चुनावों से पूर्व सुखाड़िया नगर मुख्य सड़क पर गुपचुप तरीके से आवंटन की प्रक्रिया अपनाते हुए चुनिंदा एजेंसी पत्रकारों को आवंटन की गोटियां डाल दी गई थी। संपर्क पोर्टल पर शिकायत दर्ज होने से मामला रुक गया ।
वर्तमान पालिका बोर्ड द्वारा पूर्व के गलत फैसलों पर मौन धारण कर अचानक फ़रवरी 2017 में पूर्व के निर्णय को सही मानते हुए वंचित पत्रकारों के आवेदन नहीं जांचते हुए पुनः उन्ही तथाकथित सात पत्रकारों को डिमांड जारी करने की जानकारी मिलने पर मामला न्यायालय की शरण में है।







Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *